नैनीताल की लोअर मालरोड 14 महीने बाद खुली, पर्यटकों और स्थानीय कारोबारियों को मिली बड़ी राहत

4.80 करोड़ रुपये की लागत से हुआ स्थायी उपचार कार्य, मंत्री मदन कौशिक और विधायक सरिता आर्या ने यातायात बहाल कराया।

उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन शहर नैनीताल के निवासियों और पर्यटकों के लिए राहत भरी खबर है। शहर की महत्वपूर्ण लोअर मालरोड को करीब 14 महीने बाद दोबारा यातायात के लिए खोल दिया गया है। सितंबर 2025 में सड़क का एक हिस्सा धंसने के बाद यहां वाहनों की आवाजाही बंद कर दी गई थी। इसके कारण शहर की यातायात व्यवस्था पर दबाव बढ़ गया था। सोमवार 2 नवंबर को स्थायी उपचार कार्य पूरा होने के बाद सड़क पर वाहनों का संचालन बहाल किया गया। कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक और विधायक सरिता आर्या ने हरी झंडी दिखाकर मार्ग को फिर से शुरू कराया।

लोक निर्माण विभाग की ओर से लगभग 70 मीटर प्रभावित हिस्से पर मरम्मत और मजबूतीकरण का कार्य कराया गया। इसमें माइक्रोपाइलिंग, एसडीआरए तकनीक और आरसीसी स्लैब निर्माण जैसे कार्य शामिल रहे। इस पूरी परियोजना पर लगभग 4.80 करोड़ रुपये खर्च किए गए। सड़क बंद रहने के कारण पर्यटकों और स्थानीय लोगों को दूसरे मार्गों का इस्तेमाल करना पड़ रहा था। इससे अपर मालरोड पर वाहनों का दबाव बढ़ गया था और कई बार जाम की स्थिति पैदा होती थी। सड़क खुलने से शहर के भीतर आवागमन आसान होने की उम्मीद है।

नैनीताल की अर्थव्यवस्था काफी हद तक पर्यटन पर निर्भर करती है। होटल, रेस्टोरेंट, टैक्सी, नौकायन और स्थानीय दुकानों से जुड़े कारोबारियों को उम्मीद है कि लोअर मालरोड खुलने से पर्यटकों की आवाजाही बेहतर होगी। हालांकि सड़क की सुरक्षा और भविष्य में भूस्खलन की आशंका पर नियमित निगरानी रखना जरूरी होगा। प्रशासन और लोक निर्माण विभाग को जल निकासी, सड़क की मजबूती और आसपास की ढलानों की स्थिति पर विशेष ध्यान देना होगा।